असली आजादी न्यूज नेटवर्क, सिलवासा 27 जुलाई। दादरा नगर हवेली जिले में लगातार हो रही भारी वर्षा एवं मानसून के कारण विभिन्न ग्राम पंचायत क्षेत्रों में हुए बाढ़ एवं वर्षाजनित नुकसान की समीक्षा हेतु आज जिला पंचायत अध्यक्ष निशा भावर की अध्यक्षता में जिला पंचायत कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले के सचिव (पीआरआई/आरडी) दादरा नगर हवेली और दमण-दीव, सभी ग्राम पंचायतों के जिला पंचायत सदस्यों, सरपंचों, पंचायत मंत्री उपस्थित रहे। बैठक के दौरान विभिन्न ग्राम पंचायत क्षेत्रों में जलभराव, सड़क एवं पुल-पुलियों को हुए नुकसान, कृषि भूमि की क्षति, सार्वजनिक संपत्तियों को हुए नुकसान तथा अन्य वर्षाजनित समस्याओं की विस्तृत समीक्षा की गई। इस बैठक के दौरान जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं एवं आवश्यकताओं से अवगत कराया, जिनके निराकरण हेतु संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया एवं अपील की है कि वे भारी वर्षा के दौरान हो ने वाली दुर्घटनाकी सूचना तत्काल स्थानीय ग्राम पंचायत अथवा संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को दें। पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास सचिव ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य एवं स्वच्छता संबंधी सभी आवश्यक उपाय प्राथमिकता के आधार पर किए जाएँ। सभी प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल विसंक्रमण (डिसइन्फेक्शन) कराया जाए, ग्राम पंचायतों के माध्यम से क्लोरीन की गोलियों का वितरण सुनिश्चित किया जाए तथा आवश्यकता अनुसार फॉगिंग मशीनों की व्यवस्था कर मच्छर नियंत्रण की कार्यवाही की जाए। साथ ही जनप्रतिनिधियों, ग्राम पंचायत अधिकारियों एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त दल द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में विसंक्रमण अभियान चलाया जाए। सभी विद्यालयों एवं आंगणवाडी भवनों का प्राथमिकता के आधार पर निरीक्षण किया जाए तथा विद्यालयों एवं आंगणवाडी केंद्रों तक जाने वाली 500 मीटर लंबी क्षतिग्रस्त सड़कों की शीघ्र मरम्मत कराई जाए। इसके अतिरिक्त, प्रभावित गांवों में घर-घर जाकर राहत उपायों, स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों एवं शासकीय सहायता योजनाओं के संबंध में जन-जागरूकता अभियान चलाया जाए। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के बिलों का भुगतान जारी करने से पूर्व संबंधित ग्राम पंचायत से 100 प्रतिशत डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण पूर्ण होने का प्रमाण-पत्र प्राप्त करना भी सुनिश्चित किया जाए।

