– 12 बोट एसोसिएशनों और स्थानीय समाजों के समर्थन से चुनी गई नई टीम: मछुआरों और खलासियों के लंबित मुद्दों को सुलझाएगी नई टीम
असली आजादी न्यूज नेटवर्क, दीव, 16 जुलाई। दीव जिला की विभिन्न स्थानीय समाजों, बोट एसोसिएशनों और पिलाणी एसोसिएशनों के सहयोग से श्री वणाकबारा संयुक्त समाज के तहत दीव जिला माछीमार एसोसिएशन के नए पदाधिकारियों का आगामी दो वर्ष के कार्यकाल के लिए सर्वसम्मति से चयन किया गया। श्री वणाकबारा संयुक्त समाज द्वारा वणाकबारा स्थित शिव सदन सभाखंड में एक विशेष बैठक का आयोजन किया गया था। जिसमें भीखा वैश्य (प्रमुख, वणाकबारा समस्त बार कोली समाज), मनोज सुरेश चुडासमा (पटेल, श्री वणकरपा कोली समाज), भरत प्रेमजी सोलंकी (पटेल, वड़ीशेरी कोली समाज), भरत उकरडा बामणिया (पटेल, वाडी-विस्तार कोली समाज), उमेश छगन बारिया (मानद मंत्री, वणाकबारा संयुक्त कोली समाज), दिनेश कानजी पांजणी (पटेल, वणाकबारा खारवा समाज), कांतिलाल लक्ष्मण बामणिया (पटेल, घोघला कोली समाज) सहित विभिन्न समाजों के प्रबुद्ध नेताओं और सभी संबंधित एसोसिएशनों के अध्यक्षों एवं प्रमुखों ने अपनी प्रेरक उपस्थिति दर्ज कराई। गहन विचार-विमर्श और आपसी तालमेल के बाद नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई, जिसमें सर्वसम्मति से रामजी भीखा बामणिया को एसोसिएशन के नये प्रमुख चुने गये। इसके अलावा रामजी करसन बामणिया उप-प्रमुख और संजय नरेश दरी को सह-मंत्री पद की कमान सौंपी गई है। एसोसिएशन के इन शीर्ष पदों पर की गई नियुक्तियों को दीव जिले के समस्त स्थानीय समाजों का पूर्ण समर्थन प्राप्त हुआ है, जिनमें मुख्य रूप से श्री वणकरपा कोली समाज, श्री वड़ीशेरी कोली समाज, श्री वाडी-विस्तार कोली समाज, श्री वणाकबारा खारवा समाज और श्री घोघला कोली समाज शामिल हैं। इस ऐतिहासिक बैठक के दौरान क्षेत्र की कुल 12 प्रमुख बोट और पीलाणी एसोसिएशनों के अध्यक्षों ने भी नव-निर्वाचित पदाधिकारियों को अपना पूरा समर्थन देने का ऐलान किया। समर्थन देने वाली इन संस्थाओं में वणकरपा बोट एसोसिएशन, वड़ीशेरी बोट एसोसिएशन (वणाकबारा), वणकरपा पीलाणी एसोसिएशन, वड़ीशेरी पीलाणी एसोसिएशन (वणाकबारा), खारवा बोट एसोसिएशन (वणाकबारा), खारवा बोट एसोसिएशन (वणाकबारा-अन्य), वाडी-विस्तार बोट एसोसिएशन (साउदवाड़ी), मेधावाड़ी बोट एसोसिएशन (मेधावाड़ी), टीबाशेरी बोट एसोसिएशन (वणाकबारा), पावती बोट एसोसिएशन (पावती), दीव-डांगरवाड़ी बोट एसोसिएशन (दीव) और घोघला बोट एसोसिएशन (घोघला) शामिल हैं। बैठक के समापन पर उपस्थित दीव जिले के सभी समाजों के पटेलों, विभिन्न एसोसिएशनों के पदाधिकारियों, बड़ी संख्या में आए मछुआरा दिग्गजों और भाइयों ने तीनों नए पदाधिकारियों को फूल-मालाएं पहनाकर और शॉल उड़ाकर बधाई दी। समाज के वरिष्ठ नेताओं ने उम्मीद जताई कि यह नई युवा टीम आगामी समय में मछुआरा समाज और खलासियों (नाविकों) की लंबे समय से लंबित पड़ी समस्याओं का उचित समाधान निकालने के लिए सराहनीय और ऐतिहासिक कार्य करेगी।

